सक्युलेंट और कैक्टि दोनों प्रकार के पौधे हैं जो अपनी पत्तियों, तनों और जड़ों में पानी जमा करके शुष्क वातावरण के लिए अनुकूलित हो गए हैं। जबकि सभी कैक्टि रसीले(Succulents) होते हैं, सभी रसीले कैक्टि नहीं होते। यहां प्रत्येक की कुछ प्रमुख विशेषताएं दी गई हैं:
रसीला:
जल भंडारण: रसीले(Succulents) पौधे अपनी मांसल पत्तियों, तनों या जड़ों में पानी जमा करते हैं, जिससे वे शुष्क परिस्थितियों में भी जीवित रह सकते हैं।
विविधता(Diversity): शब्द “रसीला” एक व्यापक श्रेणी है जिसमें विभिन्न आकार, आकार और बनावट वाले पौधों की एक विविध श्रृंखला शामिल है।
पर्यावास(Habitat): रसीले विभिन्न वातावरणों में पाए जा सकते हैं, जिनमें रेगिस्तान, अर्ध-रेगिस्तान और तटीय क्षेत्र शामिल हैं।
कांटो का अभाव(No Thorns): अधिकांश रसीले पौधों में काँटे या कांटे नहीं होते।
कैक्टि:
विशिष्ट पत्तियाँ(Specialized Leaves): कैक्टि में संशोधित पत्तियाँ होती हैं, जो अक्सर रीढ़ या शल्क में बदल जाती हैं, जो वाष्पोत्सर्जन के माध्यम से पानी की हानि को कम करने में मदद करती हैं।
एरोल्स(Aeroles): कैक्टि में विशिष्ट संरचनाएं होती हैं जिन्हें एरोल्स कहा जाता है, जिसमें से कांटे, फूल और नए तने निकलते हैं।
सीमित वितरण(Limited Distribution): कैक्टि मुख्य रूप से अमेरिका में पाए जाते हैं, जिनमें से अधिकांश उत्तर और दक्षिण अमेरिका में पाए जाते हैं।
कांटे या रीढ़(Thorns or Spines): कैक्टि में आमतौर पर कांटे होते हैं जो एरोल्स से निकलते हैं, जो शाकाहारी जीवों से सुरक्षा प्रदान करते हैं।